आफताब को डर था श्रद्धा उसे छोड़ देगी, इसलिए मार डाला, मई के बाद से कम खाना मंगवाने लगा था, पुलिस ने सोशल मीडिया और पेमेंट ऐप का भी डेटा मांगा

श्रद्धा वालकर मर्डर केस में पुलिस ने उसके लिव-इन पार्टनर आफताब अमीन पूनावाला की इंटरनेट हिस्ट्री निकालने के लिए वॉट्सऐप, फेसबुक, इंस्टाग्राम, गूगल, गूगल पे, पेटीएम समेत कई ऐप से डाटा मांगा है. जानकारी के मुताबिक, जोमैटो ने जानकारी दी है कि आफताब पहले दो लोगों का खाना ऑर्डर करता था, लेकिन कुछ दिनों बाद उसने एक ही व्यक्ति का खाना ऑर्डर करना शुरू कर दिया. बता दें, श्रद्धा और आफताब 8 मई को मुंबई से दिल्ली शिफ्ट हुए थे. 10 दिन बाद यानी 18 मई को आफताब ने श्रद्धा का मर्डर कर दिया.

वहीं, सामने आ रहा है कि श्रद्धा आफताब की मारपीट से परेशान थी. वह उसे छोड़ना चाहती थी. दिल्ली पुलिस के सूत्रों ने बताया कि 3-4 मई को आफताब और श्रद्धा ने अलग रहने का फैसला किया था. यह बात आफताब को रास नहीं आई. उसे लगता था कि श्रद्धा किसी और के साथ इन्वॉल्व हो जाएगी. इसके बाद आफताब ने श्रद्धा का मर्डर कर उसके टुकड़े कर दिए.

FSL के सहायक निदेशक संजीव गुप्ता ने बताया कि पिछले हफ्ते से जारी आफताब का पॉलीग्राफ टेस्ट आज वो खत्म हो गया. जल्द ही रिपोर्ट पुलिस को सौंप दी जाएगी. स्पेशल कमिश्नर ऑफ पुलिस सागरप्रीत हुड्‌डा ने दिल्ली कोर्ट से 1 दिसंबर को आफताब का नार्को टेस्ट करवाने की अपील की थी, जिसे मंजूरी मिल गई है. आफताब का नार्को टेस्ट बाबा साहब अंबेडकर हॉस्पिटल में होगा.
कल आफताब पर हमले के बाद लैब के बाहर BSF तैनात की गई है. हमले के 2 आरोपियों को 14 दिन की ज्यूडिशियल कस्टडी पर जेल भेज दिया गया है. आफताब की जेल वैन पर हुए हमले में शामिल चार ओर आरोपियों का नाम आया सामने. धन सिंह उर्फ लीलू गुर्जर, आकाश, सोम्मे और पिंटू की तलाश में पुलिस छापेमारी कर रही है. दिल्ली पुलिस ने श्रद्धा को जॉब दिलाने वाले जिमेश नांबियार का बयान दर्ज किया है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, श्रद्धा के पिता ने भी अपना बयान दर्ज करवाया है.

प्रधान संपादक अमजद खान 7737376413

Comments

Leave a comment

Design a site like this with WordPress.com
Get started